‘‘यह मेरी गलती थी, अब सुधार रहा हूं : राहुल गांधी
‘‘किसी बात के लिए मन बना लेता तो फिर पीछे नहीं हटता हूं‘‘
नई दिल्ली।(आवाज न्यूज ब्यूरो)। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर ओबीसी समुदाय के इतिहास को जानबूझकर मिटाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि ओबीसी, दलित और आदिवासी देश की उत्पादक शक्ति हैं, पर उन्हें न्याय नहीं मिल रहा है। उन्होंने सभी कांग्रेस शासित राज्यों में जाति जनगणना कराने की बात कही और तेलंगाना में की गई जाति जनगणना को एक उदाहरण के तौर पर प्रस्तुत किया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को नई दिल्ली में आयोजित भागीदारी न्याय सम्मेलन में भाजपा और आरएसएस पर हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि आरएसएस, भाजपा ने जानबूझकर ओबीसी का इतिहास मिटा दिया है, जो देश की उत्पादक शक्ति है। ओबीसी, दलित, आदिवासी देश की उत्पादक शक्ति हैं, लेकिन उन्हें अपनी मेहनत का फल नहीं मिल रहा है, मेरा उद्देश्य देश की उत्पादक शक्ति को सम्मान दिलाना है। सम्मेलन में राहुल गांधी ने कहा कि हम जाति जनगणना कराएंगे और सभी कांग्रेस शासित राज्यों में जनसंख्या का एक्स-रे करेंगे। उन्होंने कहा कि यह मेरी गलती थी, कांग्रेस की नहीं कि हम पहले जाति जनगणना नहीं करा पाए; मैं अब इसे सुधार रहा हूं। उन्होंने कहा कि आंकड़ों के अनुसार, तेलंगाना में किसी भी ओबीसी, दलित, आदिवासी को करोड़ों का कॉर्पोरेट पैकेज नहीं मिला; वे केवल मनरेगा की कतारों में खड़े हैं। उन्होंने कहा कि 2004 से मैं राजनीति कर रहा हूं। कहां-कहां काम किया? कहां सही काम किया? कहां कमी रह गई, 2-3 बात दिखती है। मनरेगा, ट्राईबल बिल, रोजगार गारंटी.. कई ऐसे काम लगता है सही किया। उन्होंने कहा कि आदिवासी, दलित, महिला। इन मुद्दों पर मुझे लगता है कि सही नंबर मिलना चाहिए। एक गलती मैंने की। ओबीसी वर्ग का प्रोटेक्शन जैसे मुझे करना चाहिए था, मैं नहीं कर पाया। उन्होंने कहा कि महिलाओं,ओबीसी, दलित और अल्पसंख्यकों के मुद्दे पर मुझे पूरे नंबर मिलने चाहिए। ओबीसी वर्ग का मैने सही से प्रोटेक्शन नहीं किया, दलितों-आदिवासियों से मस्लों को समझना ज्यादा आसान है। ओबीसी की मुश्किलें छुपी रहती है वो आसानी से नहीं दिखती। राहुल गांधी ने कहा कि आपके (ओबीसी) के मसले के बारे में मुझे थोड़ा ज्यादा मालूम होता तो मैं जातिय जनगणना पहले करा दिया होता। जो तेलंगाना में हमने किया है (जाति जनगणना), उसने भारतीय राजनीति को हिला दिया है। 21 वीं सदी डेटा की सदी है। तेलंगाना के जनगणना ने भूकंप ला दिया है। तेलंगाना का जातिय जनगणना का ऑफ्टर शॉक आपको थोड़ा बाद में समझ में आएगा।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष ने कहा, 21वीं सदी ‘डेटा’ की सदी है। मोदी जी डेटा के बारे में बोलते रहते हैं। पहले जिस देश के पास तेल होता था, उसे शक्तिशाली माना जाता था। आज का तेल डेटा है। उनके मुताबिक, डेटा कंपनियों के पास होता है। तेलंगाना सरकार के पास जो डेटा आया है उसका कोई मुकाबला नहीं है। आज हम तेलंगाना में एक मिनट में बता सकते हैं कि राज्य के सभी कॉरपोरट समूहों के प्रबंधन में कितने ओबीसी और दलित हैं। राहुल गांधी का कहना था, आप मेरी बहन (प्रियंका गांधी) से पूछना कि मैं जब किसी बात के लिए मन बना लेता हूं तो मैं उससे पीछे हटता हूं या नहीं। मैं (जाति जनगणना से) पीछे हटने वाला नहीं हूं।
राहुल गांधी का ऐलान : कांग्रेस शासित राज्यों में होगी जाति जनगणना

