बैरिकेड फांदकर कूदे अखिलेश यादव ने की पुलिस कार्रवाई की आलोचना

‘‘दिल्ली से लखनऊ तक चर्चा में अखिलेश यादव की छलांग, मुलायम के दौर की याद, शिवपाल बोले- रुकना नहीं, टकराना है‘‘

नई दिल्ली/लखनऊ।(आवाज न्यूज ब्यूरो)। समाजवादी पार्टी प्रमुख और सांसद अखिलेश यादव भी बैरिकेड पार कर दूसरी ओर धरने में शामिल हो गए हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस का इस्तेमाल हमें रोकने के लिए किया जा रहा है। यह टिप्पणी उन्होंने तब की जब पुलिस विपक्षी सांसदों को चुनाव आयोग तक मार्च करने से रोक रही थी और वे विरोध प्रदर्शन करने के लिए धरने पर बैठ गए थे।
याद कीजिए उत्तर प्रदेश में बसपा सरकार थी। मुलायम सिंह यादव समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे और अखिलेश यादव ने प्रदेश में संगठन की कमान संभाल रखी थी। हर मुद्दे पर समाजवादी पार्टी आक्रामक हो गई थी। प्रदेश भर में सपा के प्रदर्शन सुर्खियां बनते थे। लखनऊ में तो कई प्रदर्शन ऐसे हुए, जिसमें पुलिस के लाठीचार्ज के बावजूद बुरी तरह घायल, खून से लथपथ सपा कार्यकर्ता डटे दिखते थे। इन ताकतवर प्रदर्शनों का असर ये था कि अगर प्रदर्शन का ऐलान होते ही प्रशासनिक मशीनरी के हाथ पांव फूल जाते थे। इन्हें रोकने के लिए पूरी ताकत झोंक दी जाती थी। विधानसभा सत्र के दौरान तो सपा कार्यालय तक सड़क को ही छावनी में तब्दील कर दिया जाता था। उसके बाद भी सपा कार्यकर्ता पुलिस को चुनौती देकर सुरक्षा घेरा तोड़कर विधानसभा के सामने पहुंच जाते थे। लेकिन 2012 में सत्ता में आने के बाद सपा अपना ये रूप खोती चली गई। पांच साल सत्ता में रहने के बाद यूपी में बीजेपी सरकार काबिज हुई तो अखिलेश यादव ज्यादातर प्रेस कांफ्रेंस या एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर ही बयान देते रहे। बहुत कम मौके आए जब सपा कार्यकर्ता सड़क पर प्रदर्शन के लिए उतरे। अब पूरी समाजवादी पार्टी भी ज्यादा एक्स पर ही वीडियो आदि के माध्यम से सरकार की नीतियों का विरोध और जनहित के मुद्दे उठाती दिखती है।
इन सबके बीच दिल्ली में आज जो हुआ, उसने समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं में खूब चर्चा है। सोशल मीडिया पर ऊर्जा से लबरेज कार्यकर्ता अखिलेश यादव का वीडियो शेयर कर रहे हैं। दरअसल वोट चोरी के आरोप लगाकर विपक्षी नेताओं ने सोमवार को संसद से चुनाव आयोग तक मार्च शुरू किया। इस दौरान दिल्ली पुलिस ने नेताओं को बीच रास्ते में ही रोक दिया। इस दौरान समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और सांसद अखिलेश यादव बैरिकेड फांद गए। अखिलेश यहां सांसदों के साथ धरने पर बैठ गए। अखिलेश के बैरिकेड फांदने का वीडियो देखते ही देखते वायरल हो गया।
अखिलेश के इस कदम की उनके चाचा और पार्टी के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव ने प्रशंसा की। उन्होंने एक्स पर लिखा, “संघर्ष की पहचान – रुकना नहीं, टकराना है! जब हक़ की आवाज़ रोकने को बैरिकेड खड़े हों, तो समाजवादी पीछे नहीं हटते। बैरिकेड तोड़ते हैं, कूदते हैं, ललकारते हैं! आज अखिलेश यादव जी की छलांग सिर्फ़ लोहे पर नहीं थी, ये छलांग थी लोकतंत्र बचाने की कसम पर!“ वहीं सपा प्रवक्ता जूही सिंह ने वीडियो पोस्ट कर लिखा – ज़िंदाबाद हैं ,ज़िंदाबाद रहेंगे अखिलेश यादव राष्ट्रीय अध्यक्ष।
प्रदर्शन के दौरान अखिलेश यादव ने कहा कि चुनाव आयोग से अपील करते हैं कि कछुए की रफ्तार से ना चले, फास्ट ट्रैक कोर्ट में कम से कम फैसले हो। ताकि लोकतंत्र सुरक्षित रहे। अगर वोट का अधिकार ही छिन जाएगा तो लोकतंत्र कहां बचेगा। अखिलेश ने कहा कि हमारा चुनाव आयोग से निवेदन है कि एक डीएम को सस्पेंड कीजिए जिसने उपचुनाव में बेइमानी की है। हमने 18000 डिलीटेड वाले वोट का शपथ पत्र दिया है। जहां-जहां उपचुनाव हुए थे, उन तमाम जिलाधिकारियों को सरकार सस्पेंड कर दे।