कृषि विभाग की छापेमारी: अनियमितताएं मिलने पर खाद की दो दुकानों के लाइसेंस निलंबित

फर्रुखाबाद।(आवाज न्यूज ब्यूरो) ।  जिले में खाद की उपलब्धता और बिक्री व्यवस्था जांचने के लिए कृषि विभाग ने छापेमारी शुरू कर दी है। 14 अक्टूबर को कमालगंज विकासखंड क्षेत्र में उर्वरक बिक्री केंद्रों के आकस्मिक निरीक्षण के दौरान खुदागंज की दो दुकानों में अनियमितताएं मिलने पर उनके लाइसेंस निलंबित कर दिए गए। वहीं, जिले में 15 अक्टूबर को 2500 मीट्रिक टन डीएपी खाद की आपूर्ति होने की संभावना जताई गई है। जिला कृषि अधिकारी शैलेन्द्र कुमार वर्मा के अनुसार, मेसर्स छोटे खाद भंडार खुदागंज के निरीक्षण में अभिलेख अधूरे मिले। दुकान पर रेट बोर्ड और स्टॉक बोर्ड भी नहीं लगा था। एक सितंबर से बिक्री रजिस्टर का नया प्रारूप लागू किए जाने के निर्देशों का पालन नहीं किया गया। इस पर दुकान का लाइसेंस निलंबित कर दिया गया। वहीं, गौरी खाद भंडार खुदागंज बिना सूचना चस्पा किए बंद मिला। इस कारण उसका लाइसेंस भी निलंबित किया गया है।दो कंपनियों की डीएपी रैक आने की संभावनाजिला कृषि अधिकारी ने बताया कि 15 अक्टूबर को आईपीएल कंपनी की डीएपी खाद की रैक आने की संभावना है। इससे सहकारी समितियों के लिए 1500 मीट्रिक टन और निजी बिक्री केंद्रों के लिए 1000 मीट्रिक टन खाद उपलब्ध होने की उम्मीद है। कुल 2500 मीट्रिक टन यानी 50 हजार बोरियां सीधे रैक प्वाइंट से समितियों और निजी बिक्री केंद्रों को भेजी जाएंगी। इसके अलावा 16 अक्टूबर तक पीपीएल कंपनी की डीएपी रैक आने की भी संभावना है।लक्ष्य से अधिक खाद उपलब्ध होने का दावाकृषि विभाग के मुताबिक, अक्टूबर माह के निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष जिले में विभिन्न उर्वरकों की उपलब्धता इस प्रकार है।यूरियारू लक्ष्य 5928 मीट्रिक टन, उपलब्धता 27672 मीट्रिक टन।डीएपीरू लक्ष्य 6578 मीट्रिक टन, उपलब्धता 10706 मीट्रिक टन।पोटाशरू लक्ष्य 2906 मीट्रिक टन, उपलब्धता 8297 मीट्रिक टन।एनपीकेरू लक्ष्य 11142 मीट्रिक टन, उपलब्धता 22269 मीट्रिक टन।सिंगल सुपर फास्फेटरू लक्ष्य 12112 मीट्रिक टन, उपलब्धता 16905 मीट्रिक टन।विभाग का दावा है कि जिले में उर्वरकों की कमी नहीं है और मांग के अनुसार आपूर्ति जारी है। सभी विक्रेताओं को दुकानों पर रेट बोर्ड और स्टॉक बोर्ड लगाने, अभिलेखों का नियमित रखरखाव करने तथा किसानों को बिक्री की रसीद देने के निर्देश दिए गए हैं। निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत पर खाद बेचने या नियमों का उल्लंघन करने पर उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 के तहत कार्रवाई की जाएगी।
आधार कार्ड और खतौनी लेकर जाएं किसान
जिला कृषि अधिकारी ने किसानों से खाद खरीदने के लिए आधार कार्ड, खतौनी और फार्मर आईडी साथ ले जाने की अपील की है। जिन किसानों की फार्मर आईडी नहीं बनी है, वे खतौनी के आधार पर भी खाद प्राप्त कर सकते हैं। उर्वरक से संबंधित किसी समस्या या शिकायत के लिए जिला कृषि अधिकारी कार्यालय में स्थापित नियंत्रण कक्ष के नंबर 05692-297733 पर किसी भी कार्यदिवस में संपर्क किया जा सकता है।