अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ एफआईआर का आदेश राजनीतिक साजिश : अलंकार अग्निहोत्री

‘‘भाजपा एक ’विदेशी पार्टी’ की तरह व्यवहार कर रही है तथा संघ के भीतर मतभेद उभर रहे हैं।’’
लखनऊ। (आवाज न्यूज ब्यूरो)।
 बरेली के पूर्व नगर मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के विरुद्ध दर्ज एफआईआर के आदेश को राजनीतिक साजिश बताया। उन्होंने कहा कि जिस व्यक्ति की शिकायत पर कार्रवाई की गई है, उसके आपराधिक इतिहास की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उन्होंने उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालय से मामले का संज्ञान लेने और एफआईआर की समीक्षा कराने की मांग की। उन्होने मोहन भागवत के हालिया बयानों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि देश में अस्थिरता का माहौल है और शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर पुनर्विचार होना चाहिए।
अलंकार अग्निहोत्री ने आरोप लगाया कि भाजपा एक ’विदेशी पार्टी’ की तरह व्यवहार कर रही है तथा संघ के भीतर मतभेद उभर रहे हैं। आरक्षण के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि विभिन्न वर्गों के बीच संतुलन और न्याय सुनिश्चित किया जाना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि उनकी प्रस्तावित पार्टी जनता को एक सशक्त विकल्प देगी और भविष्य में सरकार बनाने का प्रयास करेगी। पूर्व सिटी मजिस्ट्रेट के इस राजनीतिक ऐलान से ब्रज क्षेत्र की राजनीति में नई चर्चा शुरू हो गई है। अब 23 फरवरी को प्रस्तावित औपचारिक घोषणा पर राजनीतिक हलकों की नजरें टिकी हैं।
अलंकार अग्निहोत्री ने राजनीति में सक्रिय रूप से उतरने की घोषणा करते हुए नई राजनीतिक पार्टी बनाने का ऐलान किया है। मथुरा-वृंदावन पहुंचकर उन्होंने कहा कि उनकी प्रस्तावित पार्टी का नाम भगवान राम और कृष्ण के नाम पर आधारित होगा, जिसकी औपचारिक घोषणा 23 फरवरी को की जाएगी। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों में जनता को एक वैकल्पिक नेतृत्व की आवश्यकता है।