‘‘बंगाल की जमीन बाहरी लोगों का दबदबा स्वीकार नहीं करती।’’
नई दिल्ली।(आवाज न्यूज ब्यूरो)। एग्जिट पोल के बाद ममता बनर्जी ने बंगाल चुनाव में टीएमसी की 226$ सीटों के साथ जीत का दावा किया है। उन्होंने मतदाताओं और कार्यकर्ताओं को धन्यवाद दिया। ममता ने ईवीएम और मतगणना पर कड़ी निगरानी की अपील की। साथ ही कार्यकर्ताओं से संयम बरतने के लिए कहा। उन्होंने ‘मां-माटी-मानुष’ की सरकार बनाने का भरोसा दिलाया।
बंगाल में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान पूरा होने और एग्जिट पोल के अनुमान आने के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का पहला बयान आया है, जिसमें उन्होंने जीत का दावा किया है। ममता बनर्जी ने कहा कि हम मां-माटी और मानुष की सरकार बना रहे हैं। राज्य की 294 विधानसभा सीटों में से 226 से ज़्यादा सीटें जीतकर हम सत्ता में वापसी करेंगे। ममता बनर्जी ने वीडियो संदेश में कहा, बंगाल के लोगों को मेरा दिल से सलाम। मैं आप सभी को धन्यवाद देती हूं कि आपने चिलचिलाती धूप, अनगिनत मुश्किलों, ज़ुल्म और डर के बावजूद लंबी लाइनों में खड़े होकर वोट दिया। मैं अपने कार्यकर्ताओं की भी उतना ही शुक्रगुजार हूं, जिन्होंने जान जोखिम में डालकर अपनी लड़ाई जारी रखी। सेंट्रल फोर्स, लोकल एडमिनिस्ट्रेशन और पूरी सेंट्रल गवर्नमेंट के मिले-जुले दबाव से भी बंगाल के लोगों को दबाया नहीं जा सका। बंगाल के लोगों ने बैलेट बॉक्स में अपना जवाब दे दिया है।
हम 226 का आंकड़ा पार कर लेंगे
उन्होंने कहा, मैं यकीन दिलाना चाहती हूं कि टीवी पर जो कुछ भी दिखाया जा रहा है, वह सब प्लान किया हुआ है। बीजेपी जानबूझकर कन्फ्यूजन फैलाने की कोशिश कर रही है ताकि हमारे कार्यकर्ताओं का हौसला टूटे और आम लोगों में निराशा पैदा हो। मैं बताना चाहती हूं कि बंगाल के लोग हमारे साथ हैं। मुझे उनके फैसले पर पूरा भरोसा है। मुझे पूरा यकीन है कि हम 226 का आंकड़ा पार कर लेंगे।
लोगों को जानबूझकर अरेस्ट किया गया
ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि पोलिंग के दिन कई जगहों पर सेंट्रल फोर्स और कुछ एडमिनिस्ट्रेटिव स्टाफ का बर्ताव बहुत चिंताजनक था। औरतें, बच्चे, आम वोटर तक किसी को नहीं बख्शा गया। उदयनारायणपुर में वोट डालते समय जान गंवाने वाले व्यक्ति के परिवार के प्रति मेरी गहरी संवेदना है। हम उनके साथ खड़े रहेंगे। कई लोगों को जानबूझकर अरेस्ट किया गया, ताकि वे एजेंट के तौर पर काम न कर सकें। फिर भी वे पीछे नहीं हटे। बंगाल के लोग उनकी हिम्मत और कुर्बानी को कभी नहीं भूलेंगे।
काउंटिंग खत्म होने तक कोई टेबल नहीं छोड़ेगा
उन्होंने कहा, अब सबसे जरूरी जिम्मेदारी ईवीएम और काउंटिंग प्रोसेस पर हर समय नज़र रखना है। मैं हर कैंडिडेट, हर एजेंट और हर वर्कर से रिक्वेस्ट करती हूं कि वे स्ट्रॉन्ग रूम से लेकर काउंटिंग सेंटर तक हर पल ध्यान से मॉनिटर करें। इसे किसी भी हालत में नजरअंदाज न करें। काउंटिंग खत्म होने तक कोई भी टेबल नहीं छोड़ेगा। अगर जरूरी हो तो किसी भरोसेमंद व्यक्ति को जिम्मेदारी देकर कुछ समय के लिए ब्रेक लें।
जरूरत पड़ने पर काउंटिंग सेंटर पर मौजूद रहूंगी
ममता बनर्जी ने आगे कहा, जरूरत पड़ने पर मैं खुद काउंटिंग सेंटर पर मौजूद रहूंगी। अगर मैं पहरा दे सकती हूं तो आप भी दे सकते हैं। जब आपने इतना कुछ झेला है तो आपको बंगाल के लोगों के अधिकारों की रक्षा के लिए यह आखिरी लड़ाई लड़नी होगी। हालांकि, एक बात याद रखें- शांत रहें, संयम रखें। किसी भी उकसावे में न आएं। हमले का जवाब कानूनी और लोकतांत्रिक तरीके से दिया जाएगा। बंगाल बंगाल के लोगों का है। यह जमीन बाहरी लोगों का दबदबा स्वीकार नहीं करती।
ममता बनर्जी ने किया जीत का बडा दावा : फिर बनेगी हमारी सरकार

