ड्रोन संचालन के लिए संबाधित थाने को भी देनी होगी सूचना
बृजेश चतुर्वेदी
कन्नौज।(आवाज न्यूज ब्यूरो)। जिलाधिकारी आशुतोष मोहन अग्निहोत्री ने कलेक्ट्रेट गांधी सभागार में ड्रोन संचालन से संबंधित विषयों पर प्रेस प्रतिनिधियों के साथ वार्ता करते हुये कहा है कि वर्तमान समय में ड्रोन तकनीक का उपयोग विभिन्न क्षेत्रों में जैसे विवाह आयोजनों, कृषि कार्यों, भूमि सर्वेक्षण एवं निगरानी कार्यों में किया जा रहा है। उन्होंने कहा है कि ड्रोन संचालन एक तकनीकी प्रक्रिया है, जिसे सुनियोजित प्रणाली के अंतर्गत ही संचालित किया जाना आवश्यक है। अब ड्रोन का अनिवार्य रूप से पंजीयन कराना होगा। बिना पंजीयन के कोई भी यक्ति ड्रोन संचालित नहीं कर सकेगा। ड्रोन संचालन के लिए संबंधित संचालक को आईसीसीएमआरटी संस्था लखनऊ, प्रयागराज और गुरुग्राम से प्रशिक्षण लेकर लाइसेंस प्राप्त करना होगा। बिना लाइसेंस के कोई भी व्यक्ति ड्रोन संचालित नहीं कर सकेगा है।
डीएम ने कहा कि ड्रोन से संबंधित नियमों का उल्लंघन करने पर विधिक कार्रवाई की जा सकती है। जनहित, सुरक्षा और गोपनीयता को ध्यान में रखते हुए ड्रोन संचालन को नियमबद्ध बनाना आवश्यक है। प्रशासन का उद्देश्य ड्रोन तकनीक को प्रोत्साहित करना है, लेकिन यह कार्य नियमानुसार ही किया जाना चाहिए। जनपद में मौजूदा ड्रोन की गणना करायी जा रही है, इसके साथ ही राष्ट्रीय आजीविका मिशन के अन्तर्गत समूह की 06 महिलाओं को भी नमो ड्रोन दीदी के रुप में ड्रोन संचालन के लिए प्रशिक्षण हेतु प्रस्ताव भेज दिया गया है।
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार ने भी ड्रोन संचालन के संदर्भ में विस्तृत जानकारी साझा करते हुए कहा कि जिले में व्यापक स्तर पर ड्रोन संचालन को लेकर जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि ड्रोन संचालकों को अपने ड्रोन से संबंधित समस्त जानकारी, जैसे पंजीकरण संख्या, उद्देश्य, तिथि एवं संचालन स्थल आदि सूचना स्थानीय थाना स्तर पर उपलब्ध करानी होगी। यदि कोई व्यक्ति बिना रिकॉर्ड या अनुमति के ड्रोन संचालन करते हुए पाया गया, तो उसके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी वि0 रा0 आशीष कुमार सिंह, उपायुक्त स्वतः रोजगार राजकुमार लोधी, जिला कृषि अधिकारी सन्त लाल गुप्ता, जिला सूचना अधिकारी आलोक कुमार यादव सहित प्रेस प्रतिनिधिगण उपस्थित रहे।

