बृजेश चतुर्वेदी
कन्नौज।(आवाज न्यूज ब्यूरो)। मेरा युवा भारत एवं जिला क्षय रोग विभाग के संयुक्त तत्वावधान में संचालित 5 दिवसीय अनुभवात्मक प्रशिक्षण कार्यक्रम के तृतीय दिवस का आयोजन राजकीय मेडिकल कॉलेज, तिर्वा, कन्नौज में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को क्षय रोग (टीबी) उन्मूलन अभियान से जोड़ते हुए स्वास्थ्य सेवाओं की व्यावहारिक जानकारी एवं जनजागरूकता गतिविधियों का अनुभव प्रदान करना है, जिससे युवा समाज में जागरूकता फैलाने में सक्रिय भूमिका निभा सकें।
कार्यक्रम के दौरान युवाओं को मेडिकल कॉलेज में संचालित टीबी जांच एवं उपचार प्रणाली के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। युवाओं ने विभिन्न परीक्षण सुविधाओं, जांच प्रक्रियाओं एवं स्वास्थ्य सेवाओं का अवलोकन करते हुए टीबी रोग की पहचान एवं उपचार प्रणाली को निकटता से समझा। इस दौरान युवाओं ने मेडिकल कॉलेज में उपलब्ध टेस्टिंग फैसिलिटी एवं संबंधित विभागों का निरीक्षण भी किया।
कार्यक्रम में चेस्ट विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. विवेक द्विवेदी ने युवाओं को टीबी रोग के कारण, लक्षण, बचाव एवं उपचार के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। उन्होंने बताया कि टीबी एक गंभीर लेकिन पूर्णतः उपचार योग्य बीमारी है तथा समय पर जांच एवं नियमित उपचार के माध्यम से इसे नियंत्रित किया जा सकता है। उन्होंने युवाओं को समाज में जागरूकता फैलाने, टीबी से जुड़े भ्रम एवं सामाजिक संकोच को दूर करने तथा लोगों को समय पर जांच के लिए प्रेरित करने का संदेश दिया।
डॉ. विवेक द्विवेदी ने अपने संबोधन में कहा कि युवाओं की सहभागिता टीबी उन्मूलन अभियान को जनआंदोलन बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। उन्होंने कहा कि जब युवा जागरूक होकर समाज में सही जानकारी पहुंचाते हैं, तो स्वास्थ्य संबंधी अभियानों को अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है।
इस अवसर पर जिला युवा अधिकारी सागर महेश्वरी ने कहा कि मेरा युवा भारत द्वारा युवाओं को विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर अनुभवात्मक शिक्षण कार्यक्रमों से जोड़ा जा रहा है, ताकि युवा केवल सैद्धांतिक जानकारी तक सीमित न रहकर जमीनी स्तर पर कार्यप्रणाली को भी समझ सकें। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम युवाओं में नेतृत्व क्षमता, सामाजिक उत्तरदायित्व एवं जनसेवा की भावना को विकसित करने में सहायक सिद्ध हो रहे हैं।
कार्यक्रम में प्रतिभागी युवाओं ने बताया कि मेडिकल कॉलेज में प्रत्यक्ष रूप से जांच प्रक्रियाओं एवं स्वास्थ्य सेवाओं को देखने के बाद उन्हें टीबी रोग एवं उसके उपचार के प्रति बेहतर समझ प्राप्त हुई है। युवाओं ने भविष्य में समाज में जागरूकता फैलाने एवं टीबी उन्मूलन अभियान में सक्रिय सहभागिता का संकल्प भी लिया।
कार्यक्रम में नीरजा, सलोनी, कंचन, शालिनी, प्रज्ञा राजपूत, आलोक, अर्चना, लक्ष्मी देवी, शालिनी मिश्रा, विकास, लोकेश कुमार, महिमा सहित अन्य युवा स्वयंसेवक उपस्थित रहे।

