कन्नौज: आवासीय भवन के अंदर संचालित डेयरी पर नगर पालिका सख्त, निरीक्षण के बाद नोटिस जारी

बृजेश चतुर्वेदी 

गुरसहायगंज।(आवाज न्यूज़ ब्यूरो)। नगर पालिका परिषद गुरसहायगंज क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था, जल निकासी तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य को लेकर पालिका प्रशासन ने शनिवार को सघन निरीक्षण अभियान चलाया। अधिशासी अधिकारी अनिल कुमार के निर्देशन में मोहल्ला अब्दुल कलाम आजाद नगर में किए गए निरीक्षण के दौरान आवासीय भवन के अंदर डेयरी संचालित किए जाने तथा गोबर/अपशिष्ट को नाली में प्रवाहित किए जाने का मामला सामने आया।

निरीक्षण के दौरान पाया गया कि गुड्डू पुत्र इसरार, मो अल्ताफ पुत्र चांद खा, भूरा पुत्र इसरार खा एवं नफीस पुत्र मकसूद निवासीगण अब्दुल कलाम आज़ाद नगर द्वारा आवासीय भवन के अंदर पशुओं को रखकर डेयरी का संचालन किया जा रहा है। पशुओं के गोबर एवं अन्य अपशिष्ट को पानी के साथ बहाकर नाली में प्रवाहित किए जाने से नाली तथा आसपास के सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी की स्थिति उत्पन्न हो रही थी। इससे जल निकासी व्यवस्था प्रभावित होने के साथ-साथ आसपास के नागरिकों को असुविधा तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव की आशंका पाई गई। पालिका द्वारा जारी नोटिस में इसी निरीक्षण के आधार पर संबंधित भवन स्वामियों/डेयरी संचालकों को कार्रवाई के लिए चेतावनी दी गई है। 

नगर पालिका प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक नाली में गोबर, अपशिष्ट अथवा गंदा पानी प्रवाहित करना स्वीकार्य नहीं होगा। संबंधित लोगों को निर्धारित अवधि में डेयरी संचालन बंद करने तथा गोबर/अपशिष्ट को सार्वजनिक नाली, सड़क अथवा अन्य सार्वजनिक स्थान पर प्रवाहित/डंप न करने के निर्देश दिए गए हैं।

15 दिन का समय, अनुपालन न होने पर कार्रवाई

पालिका की ओर से जारी नोटिस में संबंधित डेयरी संचालकों को 15 दिवस के भीतर डेयरी का संचालन पूर्णतः बंद कर परिसर की सफाई कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही चेतावनी दी गई है कि भविष्य में गोबर अथवा अपशिष्ट को सार्वजनिक नाली में प्रवाहित किए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। 

नोटिस में यह भी कहा गया है कि निर्धारित अवधि में निर्देशों का पालन न होने की स्थिति में विधिक कार्रवाई एवं व्यय की वसूली संबंधित व्यक्ति से की जाएगी।

स्वच्छता और वेक्टर जनित रोगों की रोकथाम पर जोर

पालिका प्रशासन ने कार्रवाई को केवल सफाई व्यवस्था तक सीमित न रखते हुए इसे सार्वजनिक स्वास्थ्य और वेक्टर-बोर्न डिजीज की रोकथाम से भी जोड़ा है। नोटिस में उत्तर प्रदेश में मलेरिया, डेंगू, कला-अजर एवं अन्य वेक्टर बॉर्न डिजीजेज की रोकथाम संबंधी 2016 रेगुलेशन का उल्लेख करते हुए पशुओं के डेयरी से संबंधित गतिविधियों को नियंत्रित करने की आवश्यकता बताई गई है। 

इसके अलावा नोटिस में उत्तर प्रदेश जल संभारण एवं सीवर  अधिनियम, 1975 की धारा 71(1), 72 एवं 82 सहित लागू प्रावधानों के अंतर्गत डेयरियों के पेयजल कनेक्शन काटने की चेतावनी भी दी गई है। 

अधिशासी अधिकारी अनिल कुमार ने कहा कि

“नगर पालिका क्षेत्र में स्वच्छता, जल निकासी और नागरिकों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। आवासीय क्षेत्रों में डेयरी संचालन अथवा गोबर एवं अपशिष्ट को नालियों में प्रवाहित कर सार्वजनिक व्यवस्था को प्रभावित करने की अनुमति नहीं दी जा सकती। आज के निरीक्षण में जो स्थिति सामने आई है, उस पर संबंधित लोगों को स्पष्ट निर्देश एवं समयबद्ध नोटिस दिया गया है। निर्धारित अवधि में अनुपालन नहीं होने पर नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।”

उन्होंने कहा कि नगर पालिका का उद्देश्य किसी व्यक्ति को अनावश्यक रूप से परेशान करना नहीं, बल्कि सार्वजनिक स्थानों, नालियों और जल निकासी व्यवस्था को स्वच्छ रखना तथा नागरिकों को स्वस्थ एवं स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना है।

पालिका प्रशासन ने नागरिकों से भी अपील की है कि वे गोबर, कूड़ा अथवा गंदा पानी सार्वजनिक नालियों में न डालें और स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखने में नगर पालिका का सहयोग करें। 

निरीक्षण के दौरान अधिशासी अधिकारी के साथ सभासद परमजीत , लेखा सहायक आकाश कुमार, जलकल पटल सहायक जनार्दन मिश्रा, पथ प्रकाश पटल सहायक राजेश कुमार, निर्माण सहायक शैलेंद्र कुमार तथा प्रधानमंत्री आवास योजना प्रभारी प्रसन्नजीत मिश्रा, अतिक्रमण प्रभारी अशोक कुमार, सफाई नायक सरवन तथा पालिका कर्मचारी दीनानाथ एवं अकील ख़ान उपस्थित रहे। सभी संबंधित कर्मचारियों द्वारा निरीक्षण के दौरान दिए गए निर्देशों को अपनी निर्देश पुस्तिका में अंकित किया गया तथा समयबद्ध अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।