‘‘आधुनिक तकनीक से होगी खेती में क्रांति‘‘
फर्रुखाबाद।।(आवाज न्यूज ब्यूरो)। कलेक्ट्रेट सभागार, में जिलाधिकारी आशुतोष कुमार द्विवेदी की अध्यक्षता में राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत ‘नमो ड्रोन दीदी’ योजना के तहत सीएलएफ चयन के लिए जनपद स्तरीय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिले के सभी 28 सामुदायिक स्तरीय संघ (सीएलएफ) के माध्यम से 28 ड्रोन दीदी एवं उनके सहायक के चयन को स्वीकृति प्रदान की गई।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें आधुनिक तकनीक से जोड़कर आय के नए अवसर उपलब्ध कराना है। ‘नमो ड्रोन दीदी’ योजना इसी सोच का परिणाम है, जिसके माध्यम से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को ड्रोन संचालन का प्रशिक्षण देकर उन्हें कृषि क्षेत्र में नई भूमिका सौंपी जा रही है। चयनित ड्रोन दीदी अब ड्रोन के माध्यम से किसानों की फसलों में यूरिया, कीटनाशक एवं अन्य उर्वरकों का छिड़काव करेंगी। इससे न केवल समय और श्रम की बचत होगी, बल्कि फसलों पर दवाओं का समान और सटीक छिड़काव भी सुनिश्चित होगा। आधुनिक ड्रोन तकनीक के उपयोग से उत्पादन लागत में कमी आने और फसल की गुणवत्ता बेहतर होने की भी उम्मीद जताई गई है।
बैठक में यह भी बताया गया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के अंतर्गत चयनित ड्रोन दीदी को 80 प्रतिशत अनुदान पर ड्रोन उपलब्ध कराए जाएंगे। शेष राशि का वहन समूह या लाभार्थी द्वारा किया जाएगा। योजना के अंतर्गत ड्रोन संचालन, रख-रखाव और सुरक्षा मानकों का विशेष प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, ताकि महिलाएं आत्मविश्वास के साथ इस नई जिम्मेदारी का निर्वहन कर सकें। मुख्य विकास अधिकारी, जिला विकास अधिकारी एवं संबंधित विभागों के अधिकारी भी बैठक में उपस्थित रहे। अधिकारियों ने योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए आपसी समन्वय पर जोर दिया और कहा कि इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी तथा महिला सशक्तिकरण को नई दिशा प्राप्त होगी।
जनपद में ‘नमो ड्रोन दीदी’ योजना की शुरुआत को ग्रामीण विकास और तकनीकी नवाचार के संगम के रूप में देखा जा रहा है। प्रशासन को उम्मीद है कि यह पहल न केवल खेती को आधुनिक बनाएगी, बल्कि महिलाओं को रोजगार और सम्मानजनक आय का स्थायी साधन भी प्रदान करेगी।
डीएम की अध्यक्षता में राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन की बैठक : 28 ‘नमो ड्रोन दीदी’ को मिली स्वीकृति
